"पीली पीली सरसों फूली" गीत याद आ गया था इस पौधे को फूलों
से लदा देख कर। शहरी जीव हैं हम, तो फिल्मों में ही देखे
हैं सरसों के खेत और उसके सुनहरे पीले रंग की मीलों फैली
चादर।
भारत मे
सरसों बंसत ऋतु में फूलती है। ऑस्ट्रेलिया मे यह फूल पतझड़
के मौसम में खिला है। कई सारे पेड़ बिल्कुल ही खाली है, उन
पर एक भी पत्ता नही दिख रहा। पर कुछ सदा बहार पेड़ भी है
जिन पर मौसम का कोई प्रभाव नहीं है।
वहाँ तक
तो ठीक है पर पतझड़ मे फूलो से लदे पौधे भी दिख रहे हैं जो
थोड़ा सा भ्रमित कर रहे हैं। पर प्रकृति तो प्रकृति है ना।
उसका अपना तरीका है। यह पौधा सिलवर वॉटल कहलाता है। हरी
पत्तियों को पूरी तरह से ढक सा दिया है इसके पीले पीले
फूलों के गुच्छों ने। |